देवास पुलिस की सामुदायिक पुलिसिंग एवं ‘ऑपरेशन त्रिनेत्रम’ मॉडल को मिली अंतरराष्ट्रीय सराहना-SP देवास

लंदन के प्रख्यात प्रोफेसर रूबेन परेरा ने कांकड़दा ग्राम का किया भ्रमण, कहा— “देवास का पुलिसिंग मॉडल पश्चिमी देशों के लिए भी प्रेरणादायक”
संक्षिप्त विवरण :-
पुलिस अधीक्षक देवास श्री पुनीत गेहलोद के नेतृत्व में संचालित सामुदायिक पुलिसिंग, “पुलिस चौपाल” एवं “ऑपरेशन त्रिनेत्रम” अभियान को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान मिली है। भोपाल में देवास पुलिस द्वारा प्रस्तुत नवाचारों से प्रभावित होकर लंदन के प्रख्यात शोधकर्ता एवं प्रोफेसर रूबेन परेरा अपनी टीम के साथ देवास पहुंचे और इन पहलों का जमीनी स्तर पर अवलोकन किया।
इसी क्रम में प्रोफेसर परेरा ने भौंरासा क्षेत्र की ग्राम पंचायत कांकड़दा का भ्रमण कर जनभागीदारी से विकसित सीसीटीवी सुरक्षा नेटवर्क, पुलिस-जन सहयोग, ग्राम सुरक्षा व्यवस्था तथा ग्रामीण विकास की विभिन्न गतिविधियों का विस्तृत निरीक्षण किया। उन्होंने पंचायत स्तर पर आधुनिक तकनीक के प्रभावी उपयोग और ग्रामीणों की सक्रिय भागीदारी की सराहना करते हुए इसे सामुदायिक पुलिसिंग का उत्कृष्ट उदाहरण बताया।
भ्रमण के दौरान अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) श्रीमती सौम्या जैन एवं थाना प्रभारी भौंरासा निरीक्षक अनीता सिंह की उपस्थिति में ग्रामीणों के साथ पुलिस चौपाल आयोजित की गई। चौपाल में कानून-व्यवस्था, महिला एवं बाल सुरक्षा, साइबर अपराध से बचाव, सामाजिक जागरूकता तथा ग्राम विकास जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर संवाद हुआ। ग्रामीणों ने भी पुलिस के साथ अपने सकारात्मक अनुभव साझा किए।
प्रोफेसर रूबेन परेरा ने कहा कि कांकड़दा ग्राम ने यह सिद्ध कर दिया है कि प्रभावी सुरक्षा व्यवस्था केवल महानगरों तक सीमित नहीं है। जनसहभागिता आधारित यह मॉडल पश्चिमी देशों के लिए भी प्रेरणास्रोत है और इससे सीख लेकर ग्रामीण सुरक्षा को और सशक्त बनाया जा सकता है।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्रीमती सौम्या जैन ने बताया कि कांकड़दा जिले की पहली ग्राम पंचायत है जहां “ऑपरेशन त्रिनेत्रम” के अंतर्गत सीसीटीवी कैमरों की स्थापना प्रारंभ हुई थी। वर्तमान में पूरी पंचायत सीसीटीवी नेटवर्क से आच्छादित है, जिसकी मॉनिटरिंग पंचायत स्तर पर की जाती है। उन्होंने बताया कि पुलिस अधीक्षक श्री पुनीत गेहलोद के मार्गदर्शन में जिलेभर में पुलिस चौपाल एवं ऑपरेशन त्रिनेत्रम के माध्यम से सामुदायिक पुलिसिंग को निरंतर सशक्त किया जा रहा है।
भ्रमण के दौरान प्रोफेसर परेरा ने ग्राम के विभिन्न क्षेत्रों का निरीक्षण किया, प्राचीन मंदिर में दर्शन किए तथा बाल वाटिका परिसर में डॉ. रूपसिंह नागर एवं एएसपी श्रीमती सौम्या जैन के साथ पौधारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। इसके पश्चात उन्होंने जलधारा वॉटर मैन्युफैक्चरिंग कंपनी का भी भ्रमण किया और ग्रामीण क्षेत्र में उद्यमिता एवं रोजगार सृजन की पहल की सराहना की।
देवास पुलिस का मानना है कि सामुदायिक सहभागिता, आधुनिक तकनीक और जनविश्वास पर आधारित पुलिसिंग ही सुरक्षित, जागरूक एवं सशक्त समाज की आधारशिला है। “ऑपरेशन त्रिनेत्रम” एवं “पुलिस चौपाल” जैसी अभिनव पहलें इसी दिशा में निरंतर प्रभावी भूमिका निभा रही हैं।



